कल्याण डोंबिवली म्युनिसिपल कॉरपोरेशन के बारे में एक लेटेस्ट न्यूज़ सामने आई है। जहां बताया जा रहा है, कि प्लास्टिक टू फ्यूल प्रोजेक्ट का सफलतापूर्वक ट्रायल काम कर गया है और अब प्लास्टिक कचरे से वैकल्पिक ईंधन के उत्पादन के लिए राज्य ग्रीन बॉडी, MPCB में लागू कर दिया गया है। बता दूं कि इस परियोजना को काफी बड़े पैमाने पर किया गया था। बता दूंगी यह सिविक कमिश्नर डॉ विजय सूर्यवंशी के दिमाग की उपज है इसे रूद्र पर्यावरण समाधान और KDMC द्वारा संयुक्त रूप से लॉन्च किया गया है इस परियोजना ने अपने परीक्षण में लगभग 85 लीटर ईंधन तेल का उत्पादन किया है।

Kalyan: ‘Plastic to fuel’ प्रोजेक्ट एक सुचारू शुरुआत के लिए

बिना पुनः विक्रय मूल्य वाले प्लास्टिक का उपयोग करके इंधन बनाने के लिए मंगलवार को यह परीक्षण किया गया था। परियोजना के लिए आवश्यक स्थान KDMC द्वारा प्रदान किया गया है और इसमें 1 टन प्लास्टिक का उपयोग करने की क्षमता भी है, जो लगभग 500 लीटर ईंधन तेल का उत्पादन करती है। जिसे बॉयलर के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। वहां एक अधिकारी ने यह कहां की यह देखने के लिए परीक्षण किया जा रहा है, कि क्या यह वाहनों को इंधन दे सकता है या नहीं।

Write A Comment